
रुद्रप्रयाग। केदारनाथ धाम में बाबा केदार के दर्शनों के लिए तीर्थयात्रियों की भीड़ लगातार बढ़ रही है। चार दिनों के भीतर ही दर्शन करने वाले श्रद्धालुओं की संख्या सवा लाख पार कर चुकी है। भगवान भैरवनाथ के कपाट खुलने के बाद केदारनाथ मंदिर में सांयकालीन आरती भी शुरू हो गई है। साथ ही श्रृंगार दर्शन की व्यवस्था भी प्रारंभ कर दी गई है।
प्रशासन और बदरी-केदार मंदिर समिति द्वारा हर वर्ष यात्रियों को बेहतर दर्शन व्यवस्था उपलब्ध कराने के प्रयास किए जाते हैं। बीते कुछ वर्षों से यात्री संख्या में भारी वृद्धि होने के कारण श्रद्धालुओं को लंबी कतारों में इंतजार करना पड़ रहा है।
मंदिर में सुबह 4 बजे से स्पर्श दर्शन की सुविधा दी जा रही है। श्रद्धालु गर्भगृह में प्रवेश कर बाबा केदार के स्वयंभू शिवलिंग का स्पर्श कर पुण्य अर्जित कर रहे हैं। दोपहर 12 बजे तक स्पर्श दर्शन की अनुमति रहती है। इसके बाद मंदिर की साफ-सफाई, भगवान को भोग लगाने और श्रृंगार की प्रक्रिया संपन्न की जाती है। दोपहर बाद गर्भगृह में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाती और श्रद्धालु सभा मंडप से श्रृंगार दर्शन करते हैं।
सांयकालीन आरती से पहले तक दर्शन कराए जाते हैं। यदि श्रद्धालुओं की संख्या अधिक रहती है तो रात 10 बजे तक दर्शन की व्यवस्था की जाती है। दर्शनार्थियों की कतार समाप्त होने के बाद मध्य रात्रि में मंदिर के गर्भगृह में विशेष पूजाएं आयोजित की जाती हैं। इसके बाद पुनः सुबह 4 बजे से आम दर्शन की प्रक्रिया शुरू हो जाती है।
बदरी-केदार मंदिर समिति के सीईओ सोहन सिंह रांगड़ ने बताया कि प्रत्येक यात्री को बेहतर और सुगम दर्शन मिल सके, इसके लिए व्यवस्थाओं को और सुदृढ़ किया जा रहा है।



