
टिहरी | टिहरी में हुए भीषण वाहन हादसे की जांच के लिए सुप्रीम कोर्ट की सड़क सुरक्षा समिति के निर्देशों के अनुपालन में राज्य में गठित लीड एजेंसी की टीम बुधवार को टिहरी पहुंची। टीम ने दुर्घटनास्थल का स्थलीय निरीक्षण कर मार्ग और वाहन से संबंधित पहलुओं की विस्तृत जांच की। हादसे में आठ लोगों की मौत हुई थी।
जांच के दौरान टीम ने सड़क की भौगोलिक स्थिति, ढाल, मोड़ और सुरक्षा प्रबंधों का अवलोकन किया। प्रारंभिक निरीक्षण में पाया गया कि दुर्घटना स्थल पर सड़क की चौड़ाई पर्याप्त है और पैराफिट भी लगे हुए हैं। हालांकि मोड़ के बाद सड़क पर लगातार ढाल है। प्रथम दृष्टया यह आशंका जताई गई है कि लगातार ढाल होने के कारण चालक वाहन की गति पर नियंत्रण नहीं रख सका, जिससे दुर्घटना हुई।
टीम ने संबंधित वाहन की भी तकनीकी जांच की है। वाहन की स्थिति और अन्य साक्ष्यों के आधार पर दुर्घटना के कारणों का विस्तृत विश्लेषण किया जाएगा और रिपोर्ट उच्च स्तर पर भेजी जाएगी।
उप परिवहन आयुक्त शैलेश तिवारी ने बताया कि निरीक्षण के दौरान परिवहन, पुलिस और लोक निर्माण विभाग के स्थानीय अधिकारियों के साथ जेपीआरआई के विशेषज्ञ भी मौजूद रहे। टीम ने निर्देश दिए हैं कि दुर्घटना संभावित स्थल पर गति सीमा दर्शाने वाले संकेतक और चेतावनी बोर्ड लगाए जाएं, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।



