
नई दिल्ली/ संयुक्त राष्ट्र (UN) और विश्व मौसम विज्ञान संगठन (WMO) की चेतावनी के बाद भारत पर मौसम का बड़ा संकट मंडरा रहा है। प्रशांत महासागर में तेजी से सक्रिय हो रहे गॉडजिला अल नीनो’ (Godzilla El Niño) के कारण इस साल सर्दियों का मिजाज पूरी तरह बदलने वाला है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, इस बार उत्तर और मध्य भारत में हाड़ कंपाने वाली ठंड पड़ने के आसार बहुत कम हैं।
गायब रहेगी कड़ाके की ठंड: अल नीनो के प्रभाव से रात और दिन का तापमान सामान्य से काफी अधिक रहेगा, जिससे दिसंबर और जनवरी में महसूस होने वाली शीत लहर का असर बहुत कम हो जाएगा।
मौसम का रौद्र रूप: इस साल देश के कई हिस्सों में भयानक हीटवेव, मूसलाधार बारिश और फ्लैश फ्लड देखने को मिले हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले 6 महीने और भी चिंताजनक हो सकते हैं।
फरवरी 2027 तक असर: अल नीनो चक्र का प्रभाव अगले साल की शुरुआत तक बना रहेगा, जिससे कृषि और फसलों को भारी नुकसान होने की आशंका जताई जा रही है।



