लगातार बारिश से केदारनाथ यात्रा पर संकट, हेलीकॉप्टर सेवाएं प्रभावित, यात्रियों की बढ़ी मुश्किलें

रुद्रप्रयाग: केदारघाटी में लगातार हो रही बारिश ने विश्व प्रसिद्ध केदारनाथ यात्रा की रफ्तार पर ब्रेक लगा दिया है। खराब मौसम के चलते जहां हेली सेवाएं लगातार प्रभावित हो रही हैं, वहीं केदारनाथ पैदल मार्ग पर भी श्रद्धालुओं को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बारिश, ठंड और फिसलन भरे रास्तों ने यात्रा को चुनौतीपूर्ण बना दिया है।
लगातार खराब मौसम के कारण बड़ी संख्या में हेलीकॉप्टर उड़ानें रद्द की जा रही हैं। अब तक पांच हजार से अधिक हेली टिकट निरस्त हो चुके हैं। कई श्रद्धालु ऐसे भी हैं जो हेलीकॉप्टर सेवा रद्द होने के बाद बाबा केदार के दर्शन किए बिना ही वापस लौटने को मजबूर हैं, क्योंकि वे पैदल यात्रा करने में सक्षम नहीं हैं।
केदारनाथ पैदल मार्ग पर लगातार हो रही बारिश से जगह-जगह फिसलन बढ़ गई है। पहाड़ियों से पत्थर और मलबा गिरने का खतरा भी बना हुआ है, जिससे यात्रियों को अतिरिक्त सतर्कता बरतनी पड़ रही है। भूस्खलन की आशंका के बीच प्रशासन भी लगातार मार्ग की निगरानी कर रहा है।
बारिश का असर घोड़ा-खच्चर संचालन पर भी देखने को मिल रहा है। कई स्थानों पर फिसलन के कारण घोड़े-खच्चर संतुलन खो रहे हैं, जिससे श्रद्धालुओं में डर का माहौल है। सुरक्षा कारणों से कई यात्री अब घोड़े-खच्चरों का सहारा लेने से भी बच रहे हैं।
वहीं, केदारनाथ धाम और आसपास के क्षेत्रों में तापमान में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। धाम में तापमान शून्य डिग्री सेल्सियस से नीचे पहुंचने के कारण हाइपोथर्मिया का खतरा बढ़ गया है। बारिश में भीगने से कई श्रद्धालु ठंड और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं की चपेट में आ रहे हैं। बुजुर्गों और बच्चों को सबसे अधिक दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी एन.एस. रजवार ने बताया कि मौसम की स्थिति को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। संवेदनशील स्थानों पर यात्रियों को सुरक्षित जगहों पर रोका जा रहा है और यात्रा मार्गों की लगातार निगरानी की जा रही है।
प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे मौसम की ताजा जानकारी लेने के बाद ही यात्रा करें और सुरक्षा निर्देशों का पालन करें। मौसम की चुनौतियों के बावजूद बाबा केदार के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की आस्था और उत्साह बरकरार है।



